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Monday, July 7, 2008

विविध भारती की प्रायोगिक वेबसाईट और एक खास इंटरव्‍यू केंद्र निदेशक महेंद्र मोदी का

विविध भारती की बाक़ायदा वेबसाईट बनने में तो ज़रा देर है लेकिन विविध भारती की कमान संभाल रहे श्री महेंद्रमोदी ने एक शानदार पहल करते हुए इसकी एक प्रायोगिक वेबसाईट तैयार की है जिसमें बुनियादी जानकारियों केअलावा कुछ तस्वीरें भी हैं हाल ही में महेंद्र मोदी जी इलाहाबाद का दौरा करके लौटे हैं ये विविध भारती की स्वर्णजयंती के आयोजनों की एक श्रृंखला का हिस्सा है । दरअसल बहुत जल्‍दी विविध भारती की एक टीम इलाहाबाद पहुंचने वाली है वायुसेना के फौजियों की रिकॉर्डिंग के लिए । सभी इसे लेकर बहुत ही उत्‍साहित हैं । इलाहाबाद रेडियो की यात्रा का भी एक अहम पड़ाव रहा है । रेडियो की दुनिया में इलाहाबाद से कई इतिहास रचे गये हैं । जिनकी चर्चा मैं बाद में कभी करूंगा । तो मोदी जी इस आयोजन की तैयारियों में जब इलाहाबाद पहुंचे तो वहां के मशहूर अंग्रेज़ी अख़बार NIP ने उनका एक लंबा इंटरव्‍यू किया । इस बेबाक इंटरव्‍यू में कई बंपर सवाल दाग़े गये हैं और हो सकता है कि उनमें से कुछ सवाल वो हों जो आपके मन में आते रहे हैं । तो ज़रा नीचे दिये गये लिंक पर क्लिक कीजिये और पढि़ये विविध भारती के वर्तमान मुखिया महेंद्र मोदी जी का इंटरव्‍यू और चलते चलते इतना बता दूं कि रेडियोनामा पर जल्‍दी ही आप महेंद्र जी का लिखा हुआ भी पढ़ेंगे ।

जी हां मोदी जी अब रेडियोनामा का हिस्‍सा बनने जा रहे हैं ।
इस लिंक पर क्लिक कीजिये इंटरव्‍यू पढ़ने के लिए ।

9 comments:

Raviratlami said...

महेद्र मोदी जी तक यदि यह बात पहुँचती है तो मेरे कुछ सुझाव व आशाएं -

विविध भारती इंटरनेट पर शाउटकास्ट की तरह स्ट्रीमिंग रेडियो जल्द से जल्द शुरू करे.

विविध भारती के लाखों करोड़ों संगीत संग्रह को इंटरनेट पर आर्काइव.ऑर्ग की तरह उपलब्ध करवाया जाए. खासकर उन संगीत को जिन्हें विविध भारती ने स्वयं तैयार करवाया है जिसमें लोक संगीत व शास्त्रीय संगीत प्रमुख हैं. इसी तरह रेडियो नाटकों, वार्ता इत्यादि को भी इंटरनेट पर उपलब्ध करवाया जाना चाहिये.

विविध भारती के प्रोग्रामों को बाद में सुविधानुसार इंटरनेट पर बारंबार कभी भी सुन सकने की सुविधा - उत्तम सर्च सहित.

annapurna said...

बड़ी देर कर दी मेहरबां आते-आते !

annapurna said...

बड़ी देर कर दी मेहरबां आते-आते !

शैलेश भारतवासी said...

मैं रवि रतलामी जी से सहमत हूँ। विविधभारती को ऑनलाइन रेडियो शुरू करना ही चाहिए।

शैलेश भारतवासी said...
This comment has been removed by the author.
Neeraj Rohilla said...

बहुत सही,
कुछ भी करके विविध भारती की आडियो फीड वेबसाईट पर लाइये जिससे हम भी आपको सुन सकें |

मोदीजी को इस नेक काम के लिए हार्दिक बधाई |

m.p. said...

आप सब लोगोँ का बहुत बहुत धन्यवाद. रवि जी ने जो सुझाव दिया है, नीरज जी ने जो बात कही है वो निश्चित ही स्वागत योग्य है, हुम लोग कोई रास्ता निकालने की पूरी कोशिश करेंगे.
महेन्द्र मोदी

Lavanyam - Antarman said...

रवि भी की बात से मैं भी सहमत हूं..
और आपको प्रयास के लिए,
बहुत सारी बधाई व शुभकामना -
- लावण्या

sanjay patel said...

रविभाई से एकदम सहमत.
महेन्द्र मोदीजी से एक और गुज़ारिश..
प्रसारण और संगीत क्षेत्र में नये लोगों को ग्रूम करने के लिये एक विशिष्ट और नि:शुल्क पाठ्यक्रम का पन्ना भी विविध भारती की वैबसाइट पर हो.आज भी अच्छी आवाज़ें अपनी ग़लतियों से सीख सीख कर ही प्रसारण विधा में आ रहीं है. एफ़.एम. के उदभव के बाद अब नई तरह की चुनौतियाँ हैं प्रसारण में ...इस कार्य में विविध भारती महत्वपूर्ण क़िरदार अदा कर सकती है.....इस विषय पर विविध भारती की रूचि हो तो और विस्तार से फ़ीडबैक दिया जा सकता है.

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